Thursday, 5 November 2015

सोये होंगे सब चद्दर तान
सबसे पहले वो जागी होगी।
बिस्तर सजा, चूल्हे पे चाय चढ़ाई होगी। 
घर, आँगन की साफ-सफाई को 
झाड़ू फिर उठाई होगी। 
खाना बना, सबको खिला 
जल्दी से कॉलेज आई होगी। 
अपने हिस्से के हल्वे से भी 
भाई के लिए छुपाई होगी। 
पापा के ऑफिस  से आने पर 
'जी ...! पापा'  कह दौड़ लगाई होगी। 
देर रात सबको खिला 
माँ के पैर दबाई होगी। 
कर ख़तम सारे काम, मगर 
आखिर में सबसे खाई होगी। 
सोने से पहले, खुद ही अपने पैर दबाई होगी। 
बैठ अकेले तन्हाई में 
मन -ही -मन  मुस्काई होगी ।। 
                                         

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